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क्या लिव-इन सचमुच कुत्तों का कल्चर है? बाबा अनिरुद्धाचार्य का बयान वायरल!

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प्रसिद्ध कथावाचक अनिरुद्धाचार्य महाराज एक बार फिर अपने बयान की वजह से चर्चा में हैं। इस बार उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के कुत्तों से जुड़े फैसले के बीच ऐसा बयान दिया है, जिसने लिव-इन रिलेशनशिप के समर्थकों से लेकर पशु प्रेमियों तक को हैरान कर दिया है। अनिरुद्धाचार्य ने कहा कि लिव-इन रिलेशनशिप जैसी चीज तो कुत्तों और बिल्लियों का कल्चर है, जो हजारों सालों से ऐसे ही जीते आ रहे हैं।

उनके इस बयान ने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है। जहां कुछ लोग उनकी बात का समर्थन कर रहे हैं, वहीं कई लोग इसे गलत बता रहे हैं। अनिरुद्धाचार्य ने कहा, “लिव-इन में तो कुत्ते-बिल्ली रहते हैं। हमारे देश के कुत्ते हजारों सालों से लिव-इन में ही रहते हैं। ये उनका कल्चर है।” इस बयान के बाद लोगों की प्रतिक्रियाएं मिश्रित हैं। कुछ लोग कह रहे हैं कि धर्माचार्य को इस तरह के बयानों से बचना चाहिए, जबकि कुछ उनके विचारों से सहमत नजर आ रहे हैं।

हर मुद्दे पर बेबाक राय

अनिरुद्धाचार्य सामाजिक और धार्मिक मुद्दों पर अपनी बेबाक राय के लिए जाने जाते हैं। चाहे बात लड़के-लड़कियों के चरित्र की हो या समाज में बढ़ती अश्लीलता की, वह हर मुद्दे पर खुलकर बोलते हैं। देश-विदेश में उनके लाखों भक्त हैं, और सोशल मीडिया पर उनकी जबरदस्त फैन फॉलोइंग है। उनके यूट्यूब चैनल पर कई मिलियन सब्सक्राइबर्स हैं, जहां उनके प्रवचन और बयान खूब देखे और सुने जाते हैं।

पहले भी विवादों में रहे हैं बाबा

कुछ समय पहले अनिरुद्धाचार्य ने लड़कियों की शादी की उम्र को लेकर भी विवादित बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि लड़कियों की शादी 18 साल से पहले कर देनी चाहिए। उनके इस बयान ने भी खूब सुर्खियां बटोरी थीं। उनके समर्थकों का मानना है कि वह हमेशा सच बोलते हैं और समाज को सही दिशा दिखाने की कोशिश करते हैं। वहीं, आलोचकों का कहना है कि उनके बयान अक्सर विवाद पैदा करते हैं और समाज में गलत संदेश फैलाते हैं।

समर्थन और आलोचना का दौर

अनिरुद्धाचार्य के ताजा बयान ने एक बार फिर बहस छेड़ दी है। जहां कुछ लोग उनकी बात को समाज की सच्चाई मान रहे हैं, वहीं कई लोग इसे गैर-जिम्मेदाराना बयान बता रहे हैं। सोशल मीडिया पर उनके समर्थक और आलोचक दोनों ही अपनी-अपनी राय रख रहे हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि इस बयान का असर उनके भक्तों और समाज पर कैसा पड़ता है।

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